पौड़ी जनपद में मानव–वन्यजीव संघर्ष की बढ़ती घटनाओं पर नियंत्रण पाने के लिए सिविल एवं सोयम वन प्रभाग पौड़ी रेंज द्वारा ठोस प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में गुलदार की अधिक सक्रियता वाले अति संवेदनशील गांवों में सोलर लाइटों की स्थापना की जा रही है। वन विभाग द्वारा यह सोलर लाइटें विशेष रूप से उन गांवों में लगाई जा रही हैं, जहां हाल के दिनों में गुलदार के हमले की घटनाएं सामने आई हैं अथवा जहां नियमित रूप से गुलदार और भालू के देखे जाने की शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। इन सोलर लाइटों से रात के समय गांवों की ओर आने-जाने वाले राहगीरों, व्यापार से जुड़े ग्रामीणों और स्थानीय निवासियों को काफी सुविधा मिलेगी। खासकर उन रास्तों पर रोशनी उपलब्ध होगी, जहां अभी तक बिजली व्यवस्था नहीं पहुंच पाई है। प्रथम चरण में पौड़ी रेंज द्वारा ग्राम थपलियाल, नाकोट गांव एवं थाली क्षेत्र में सोलर लाइटों की स्थापना का कार्य पूरा किया गया है। आने वाले समय में अन्य संवेदनशील गांवों को भी इस योजना में शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही सिविल एवं सोयम वन प्रभाग पौड़ी, गढ़वाल वन प्रभाग के सहयोग से क्षेत्र के गांवों में भ्रमण कर ग्रामीणों को हिंसक वन्यजीवों से बचाव के उपायों की जानकारी दे रहा है। वन विभाग के कर्मचारी ग्रामीणों को सतर्क रहने, समूह में चलने और अंधेरे में अनावश्यक आवाजाही से बचने जैसे महत्वपूर्ण सुझाव दे रहे हैं। वन विभाग द्वारा स्कूली बच्चों की सुरक्षा को भी प्राथमिकता दी जा रही है। दोनों प्रभागों के कर्मचारी बच्चों को घर से स्कूल और स्कूल से घर तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए स्काउट कर रहे हैं। वर्तमान में सिविल एवं सोयम वन प्रभाग तथा गढ़वाल वन प्रभाग के वन कर्मी मिलकर मानव–वन्यजीव संघर्ष के न्यूनीकरण की दिशा में लगातार कार्य कर रहे हैं, जिससे ग्रामीणों में सुरक्षा की भावना मजबूत हो रही है।

